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कंघाKangha

कंघा (Kangha)

कंघा (Comb in Sikhism) : सिख धर्म के अनुसार हर खालसा या सिख अपनाने वाले जातक को लकड़ी का बना कंघा अवश्य रखना चाहिए। यह पंच ककारों में से एक माना जाता है।

पारंपरिक धार्मिक मान्यता (Traditional Religious Affiliation in Hindi)

सिख धर्म का एक और प्रमुख पंच ककार है लंबे बाल। लंबे बालों को संभालने के लिए ही कंघे का मूल प्रयोग किया जाता है। यह स्वच्छता के नजरिए से बेहद अहम है। सिख धर्म के अनुसार मानव शरीर बेहद पवित्र होता है। इसे गंदा नहीं होने देना चाहिए।

सिख धर्म के अनुसार दिन में दो बार बालों पर कंघी करनी चाहिए। इससे बाल सुलझे रहते हैं और इनमें गंदगी नहीं रहती। कई लोग यह भी मानते हैं कि कंघा रखने से मनुष्य के पास कभी दरिद्रता नहीं आती।

वैज्ञानिक महत्व (Scientific Importance in Hindi)

कई जानकर और वैज्ञानिक मानते हैं कि कंघे से बालों में जो खिंचाव होता है वह एक तरह के एक्यूपंचर का काम करता है। इससे सरदर्द और अन्य कई बीमारियों से राहत मिलती है। आमतौर पर कंघे को सर के ऊपर पगड़ी के अंदर बांधा जाता है। इस तरह लकड़ी के बने यह कंघे विद्युत तरंगों को भी नियंत्रित करती हैं जिससे जातक को कम गुस्सा आता है।

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सिख धर्म के प्रमुख तत्व